टेक्सटाइल और रेडीमेड गारमेंट उद्योग के क्षेत्र में कानपुर अब नई पहचान बनाने की तैयारी में है। कानपुर देहात के भोगनीपुर में प्राइवेट टेक्सटाइल पार्क स्थापित करने की योजना पर काम चल रहा है और इसके लिए भूमि भी उपलब्ध हो गई है। सरकार का लक्ष्य कानपुर की पुरानी औद्योगिक विरासत, कुशल श्रमशक्ति और मजबूत बाजार का लाभ उठाकर शहर को रेडीमेड होजरी व टेक्सटाइल उत्पादों के बड़े हब के रूप में विकसित करना है। ये बातें खादी एवं ग्रामोद्योग, रेशम, हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग मंत्री राकेश सचान ने बुधवार को होटल लैंडमार्क में आयोजित यूपी टेक्स-2026 रोड शो में कही।
मंत्री राकेश सचान ने कहा कि कानपुर को लंबे समय से पूर्व का मैनचेस्टर कहा जाता रहा है। यहां वस्त्र निर्माण की कारीगरी और व्यापार की संस्कृति पीढ़ियों से मौजूद है। शहर के पास कुशल श्रमिक, स्थापित बाजार और टेक्सटाइल क्षेत्र का पुराना अनुभव है। उन्होंने बताया कि कानपुर से गारमेंट क्षेत्र में 11 हजार करोड़ रुपये से अधिक का निर्यात हो रहा है। टेक्सटाइल पार्क बनने के बाद इस क्षेत्र में निवेश और रोजगार के नए अवसर मिलने की उम्मीद है।निवेशकों को 100 प्रतिशत तक स्टांप ड्यूटी में छूट
मंत्री ने बताया कि प्रदेश सरकार की टेक्सटाइल एवं गारमेंटिंग पालिसी 2022 के तहत निवेशकों को कई तरह के प्रोत्साहन दिए जा रहे हैं। स्टांप ड्यूटी में 100 प्रतिशत तक छूट, 25 से 35 प्रतिशत तक पूंजीगत अनुदान और ब्याज पर 60 प्रतिशत तक अनुदान जैसी सुविधाएं शामिल हैं। वस्त्र उद्योग कृषि के बाद बड़े पैमाने पर रोजगार उपलब्ध कराने वाले प्रमुख क्षेत्रों में शामिल है। ऐसे में प्रदेश सरकार का इस क्षेत्र पर विशेष फोकस है।1000 एकड़ में विकसित हो रहा पीएम मित्र पार्क
मंत्री राकेश सचान ने बताया कि लखनऊ-हरदोई क्षेत्र में करीब 1000 एकड़ में पीएम मित्र पार्क विकसित किया जा रहा है। इसके अलावा प्रदेश में पांच संत कबीर टेक्सटाइल पार्क विकसित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कानपुर देहात के भोगनीपुर में 37 एकड़ में प्राइवेट टेक्स पार्क स्थापित करने की दिशा में भी काम आगे बढ़ चुका है और इसके लिए भूमि उपलब्ध हो गई है।
आठ और नौ सितंबर को लखनऊ में यूपी टेक्स-2026
मंत्री ने बताया कि हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग विभाग की ओर से आठ और नौ सितंबर को लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में यूपी टेक्स-2026 का आयोजन किया जाएगा। इसमें प्रदेश के टेक्सटाइल एवं गारमेंटिंग क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं को सामने रखा जाएगा। कहा कि प्रधानमंत्री के ””5 एफ””, फार्म टू फाइबर, फाइबर टू फैक्ट्री, फैक्ट्री टू फैशन और फैशन टू फारेन के विजन को आगे बढ़ाते हुए प्रदेश को ग्लोबल टेक्सटाइल हब बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
कार्यक्रम में हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग निदेशालय के आयुक्त एवं निदेशक के. विजयेंद्र पांडियन ने टेक्सटाइल क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं पर प्रकाश डाला। सीआईआई कानपुर जोन के चेयरमैन एवं मार्श एनर्जी एंड मोबिलिटी के निदेशक गौरव पिलानिया ने स्वागत भाषण दिया। सीआईआई कानपुर जोन के उपाध्यक्ष एवं गोल्डी ग्रुप के निदेशक सुदीप गोयनका ने आभार व्यक्त किया। इस मौके पर थ्रेड्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के उपाध्यक्ष मनीष बालानी, मीनू क्रियेशन्स एलएलपी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अमन पेशावरी, राजीव किशोर भरतिया, बीसी ठाकुर, यूवी सिंह, मनोजकांत गर्ग, सहायक आयुक्त अमित सिंह पाल आदि मौजूद रहे।

